Generation of Computer in Hindi – कंप्यूटर की पीढियां

हेल्लो दोस्तों! आज हम इस पोस्ट में Generation of Computer in Hindi (कंप्यूटर की पीढियां) के बारें में पढेंगे. इसे आप पूरा पढ़िए, आपको यह आसानी से समझ में आ जायेगा. तो चलिए शुरू करते हैं:- 

Generation of Computer in Hindi – कंप्यूटर की पीढियां

  • बहुत साल पहले भी कंप्यूटर का इस्तेमाल किया जाता था और आज भी किया जाता है। पहले के computers और आज के computers में बहुत अंतर है। कंप्यूटर में समय के साथ काफी परिवर्तन हुआ है।

  • आज के समय के computer काफी modern और advance देखने को मिलते है।  लेकिन पुराने समय के computer इतने modern (आधुनिक) और advance नहीं हुआ करते थे। लेकिन बदलते समय के साथ computer के छेत्र में सुधार हुआ। जिसमें काफी समय लगा। और ये जो समय computer को advance होने में लगा। इसी समय को हम generation of computer कहते है.”

  • सरल भाषा में इसे समझे तो “वह time period (समय अवधि) जिसमें कंप्यूटर की टेक्नोलॉजी का विकास हुआ है। इसी time period को हम generation of computer कहते है।”

कंप्यूटर को एडवांस और मॉडर्न बनने में लगभग पांच generations (पीढियों) का वक़्त लग गया। इसीलिए computer की पांच generations होती है। जो कि नीचे दी गयी हैं-

  1. पहली पीढ़ी के कंप्यूटर (1940 से 1956 तक)
  2. दूसरी पीढ़ी के कंप्यूटर (1956 से 1963 तक)
  3. तीसरी पीढ़ी के कंप्यूटर (1964 से 1971 तक)
  4. चौथी पीढ़ी के कंप्यूटर (1971 से वर्तमान तक)
  5. पांचवी पीढ़ी के कंप्यूटर (वर्तमान)

First Generation computer in Hindi (पहली पीढ़ी के कंप्यूटर)

  • पहली पीढ़ी के कंप्यूटर साइज़ में काफी बड़े हुआ करते थे। आप इनके size का अन्दाज़ा इसी बात से लगा सकते है कि इन कंप्यूटर को रखने के लिए एक कमरे की ज़रूरत पड़ती थी।

  • First generation की शुरुआत 1940 में हुई और इसका अंत 1956 में हुआ।

  • इस पीढ़ी के computers में कांच के बने vacuum tube का प्रयोग किया जाता था। vacuum tube का आकार काफी ज्यादा बड़ा होता था। इसीलिए ये computer भी काफी बड़े होते थे।

  • First generation के कंप्यूटर इतने advance और modern नहीं हुआ करते थे। इनमे काफी कमियां थी। ये कंप्यूटर काम करते वक़्त जल्दी गर्म हो जाया करते थे और reliable (विस्वश्नीय) नहीं हुआ करते थे।

  • पहली पीढ़ी के कंप्यूटर का उपयोग गणना करने, डेटा को स्टोर करने, और वैज्ञानिक कार्यों के लिए किया जाता था।

  • इस पीढ़ी के कम्प्यूटरों में मुख्य रूप से batch processing ऑपरेटिंग सिस्टम का इस्तेमाल किया जाता था।

  • इन कम्प्यूटरों में प्रोग्रामिंग करना बहुत ही ज्यादा मुश्किल काम था और ये बिजली भी बहुत खर्च करते थे।

  • इस पीढ़ी के computers हैं – ENIAC, EDVAC, UNIVAC, और IBM-701 आदि।
first generation computer in hindi
इसका चित्र

Advantages of First Generation Computer in Hindi (पहली पीढ़ी कंप्यूटर के फायदे)

  1. इस पीढ़ी के कंप्यूटर डाटा की calculation (गणना) बहुत तेजी से करते थे। ये millisecond में गणना कर सकते थे।
  2. उस समय vacuum tube आसानी से उपलब्ध हो जाया करते थे।
  3. वैक्यूम ट्यूब की technology ज्यादा महंगी नहीं थी।
  4. इन कम्प्यूटरों में scientific (वैज्ञानिक) काम कर सकते थे।
  5.  इन कम्प्यूटरों में information और data को store करने की क्षमता थी।

Disadvantages of First Generation Computer in Hindi (पहली पीढ़ी कंप्यूटर के नुकसान)

  1. पहली जनरेशन के कंप्यूटर का size काफी बड़ा होता था।
  2. इस जनरेशन के computer काम करते समय काफी गर्म हो जाया करते थे।
  3. कम्प्यूटर को ठंडा रखने के लिए Air-Condition की ज़रूरत पड़ती थी।
  4. अपने बड़े आकर के कारण ये बहुत अधिक मात्रा में बिजली का use करते थे।
  5. इन कंप्यूटरों को maintain करके रखना काफी ज्यादा मुश्किल होता था।
  6. ये केवल मशीन लैंग्वेज का इस्तेमाल करते थे और इसमें प्रोग्रामिंग करना भी एक कठिन कार्य था।

Second Generation Computer in Hindi (दूसरी पीढ़ी के कंप्यूटर)

  • कंप्यूटर की दूसरी generation की शुरुआत 1956 में हुई थी और इसका अंत 1963 में हुआ था।

  • Second generation के कंप्यूटर में transistor (ट्रांजिस्टर) का इस्तेमाल किया जाता था। ट्रांजिस्टर vacuum tube के मुकाबले काफी छोटे होते थे।

  • ट्रांजिस्टर के कारण कंप्यूटर का साइज first generation के मुकाबले छोटा हो गया। ट्रांजिस्टर के आने के बाद computer के छेत्र में काफी ज्यादा विकास हुआ।

  • ट्रांजिस्टर vacuum tube की तुलना में काफी सस्ते थे , size में छोटे थे , ज्यादा reliable थे , और काफी fast काम करते थे।

  • इस पीढ़ी में असेंबली लैंग्वेज और हाई-लेवल लैंग्वेज का इस्तेमाल किया जाता था।

  • इस पीढ़ी के कंप्यूटरों में batch processing और multi-programming ऑपरेटिंग सिस्टम का उपयोग किया जाता था।
second generation computer in hindi
इसकी image

Advantages of Second generation computer in Hindi (दूसरी पीढ़ी कंप्यूटर के फायदे)

  1. पहली पीढ़ी की तुलना में इस generation के computer का size काफी छोटा था।
  2. Second generation के computer काम करते समय जल्दी गर्म नहीं होते थे।
  3. ये अपने छोटे आकार के कारण कम बिजली ख़र्च करते थे।
  4. दूसरी पीढ़ी वाले कंप्यूटर के काम करने की speed काफी अच्छी थी। ये डाटा को microseconds में कैलकुलेट कर लेते थे।
  5. First generation के मुकाबले second generation के कंप्यूटरों को maintain करना आसान था।
  6. पहली पीढ़ी की तुलना में दूसरी पीढ़ी के कंप्यूटर सस्ते थे।
  7. इनकी accuracy अधिक थी और ये reliable (विश्वसनीय) होते थे।

Disadvantages of Second generation computer in Hindi (दूसरी पीढ़ी कंप्यूटर के नुक़सान)

  1. दूसरे जनरेशन के कंप्यूटर कम गर्मी पैदा करते थे फिर भी इन्हें ठंडा रखने के लिए Air-Condition की ज़रूरत पड़ती थी।
  2. दूसरे जनरेशन के computer को लगातार maintain (रख-रखाव) की जरूरत पड़ती थी।
  3. इसका इस्तेमाल केवल कुछ विशेष काम को पूरा करने के लिए ही किया जाता था।
  4. पहली पीढ़ी की तरह इस पीढ़ी के कंप्यूटर भी इनपुट के लिए punch cards का प्रयोग करते थे।

Third Generation Computer in Hindi (तीसरी पीढ़ी के कंप्यूटर)

  • कंप्यूटर के तीसरे जनरेशन की शुरुआत 1964 में हुई थी और इसका अंत 1971 में हुआ था।

  • Third generation आने तक कंप्यूटर के छेत्र में काफी ज्यादा विकास हो चूका था।  इस जनरेशन में कंप्यूटर और भी ज्यादा advance और modern हो गए थे।

  • तीसरी पीढ़ी में computer के अंदर ट्रांजिस्टर की जगह IC (Integrated circuits) का इस्तेमाल किया जाता था।

  • IC एक तरह की chip है जो कि silicon से बनी हुई होती है। इसलिए इसको silicon chip भी कहा जाता है।

  • तीसरी पीढ़ी के computer काफी ज्यादा reliable (विश्वसनीय) थे।

  • तीसरी पीढ़ी के computer की काम करने की speed पिछले दोनों generations के कंप्यूटर से बेहतर थी।

  • Integrated Chip आने के कारण कंप्यूटर का साइज काफी छोटा हो गया था। इसके साथ साथ memory की क्षमता भी काफी ज्यादा बढ़ गई थी।

  • इस पीढ़ी में time sharing और multiprogramming ऑपरेटिंग सिस्टम का उपयोग किया जाता था।

  • इस पीढ़ी में हाई लेवल लैंग्वेज जैसे कि – Cobol, Pascal आदि का use किया जाता था।
third generation computer in hindi

Advantages of Third generation computer in Hindi (तीसरी पीढ़ी कंप्यूटर के फायदे)

  1. Third generation के कंप्यूटर का size पिछले दोनों generations के कंप्यूटर के मुकाबले काफी छोटा था।
  2. इस जनरेशन के कंप्यूटर काम करते समय बहुत कम बिजली खर्च करते थे।
  3. पिछले दोनों जनरेशन की तुलना में third generation के कंप्यूटर काफी कम गर्मी पैदा करते थे। 
  4. इसमें डाटा को कैलकुलेट करने की speed काफी अच्छी थी।
  5. इस computer को maintain करके रखना काफी आसान था।
  6. पिछले दोनों जनरेशन की तुलना में तीसरे जनरेशन के कंप्यूटर की storage क्षमता काफी ज्यादा थी।
  7. ये computers हाई लेवल भाषा को सपोर्ट करते थे।
  8. इनमें प्रोग्रामिंग करना आसान था।

Disadvantages of third generation computer in Hindi (तीसरी पीढ़ी कंप्यूटर के नुकसान)

  1. तीसरी पीढ़ी के कंप्यूटर भी कम गर्मी पैदा करते थे परंतु फिर भी इनको ठंडा करने के लिए Air-Condition की ज़रूरत पड़ती थी।
  2. IC चिप को बनाने में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ता था।
  3. इस पीढ़ी के कंप्यूटर काफी महंगे आते थे।
  4. उस जमाने में IC चिप को repair करना काफी मुश्किल हुआ करता था।
  5. IC चिप के साथ काम करने के लिए specialized workers (विशेष कार्यकर्ता) की आवश्यकता पड़ती थी।

Fourth Generation Computer in Hindi (चौथी पीढ़ी के कंप्यूटर)

  • कंप्यूटर के fourth generation की शुरुआत 1970 में हुई थी और इसका अंत अभी तक नही हुआ है। आज के समय की बात की जाये तो यह जनरेशन अभी भी present (मौजूद) है।

  • कंप्यूटर के fourth generation में Integrated chip की जगह माइक्रोप्रोसेसर का इस्तेमाल किया जाता है। माइक्रोप्रोसेसर में बहुत सारे LSI Circuit होते है।

  • चौथी पीढ़ी आने के बाद कंप्यूटर और भी ज्यादा advance और modern हो गए। इस पीढ़ी के आते ही computer के काम करने की क्षमता और speed दोनों ही बढ़ गई।

  • इस जनरेशन ने computer के छोटे size में ही काफी ज्यादा features उपलब्ध करवा दिए। यानी कह सकते है कि इसका size काफी छोटा हो गया और इसके साथ-साथ कंप्यूटर के सारे features भी install हो गए।

  • इस जनरेशन में real time, time sharing, और distributed ऑपरेटिंग सिस्टम का इस्तेमाल किया जाता है।

  • इस पीढ़ी के कंप्यूटर हाई लेवल लैंग्वेज जैसे कि – C, C++ आदि को सपोर्ट करते हैं।

  • इस पीढ़ी में Personal computer (PC) का उपयोग काफी ज्यादा बढ़ गया।
fourth generation computer in hindi

Advantages of fourth generation of computer in Hindi (चौथी पीढ़ी कंप्यूटर के फायदे)

  1. Fourth generation के computer की speed पिछले सभी generations के कम्प्यूटरों की तुलना में काफी अच्छी है।
  2. इस पीढ़ी के कंप्यूटर size में काफी छोटे होते है।
  3. इन कम्प्यूटरों को maintain करने की ज़रूरत नहीं पड़ती।
  4. ये कंप्यूटर सस्ते होते हैं और आसानी से उपलब्ध हो जाते है।
  5. इन कम्प्यूटरों को Air-Condition की ज़रूरत नहीं पड़ती। क्योंकि ये गर्मी पैदा नही करते।
  6. इस पीढ़ी के कंप्यूटर बहुत ज्यादा reliable हैं और ये हाई लेवल लैंग्वेज को सपोर्ट करते हैं।

Disadvantages of fourth generation computer in Hindi (चौथी पीढ़ी के कंप्यूटर)

  1. इस जनरेशन में microprocessor का इस्तेमाल किया जाता है। लेकिन माइक्रोप्रोसेसर को बनाना मुश्किल काम है।
  2. Microprocessor को बनाने के लिए बहुत advance technology की ज़रूरत पड़ती है।

Fifth Generation Computer in Hindi (पांचवीं पीढ़ी के कंप्यूटर)

  • Fifth generation के कंप्यूटर अभी तक सभी जनरेशन से बेहतर और advance (आधुनिक) है। आप इस बात का अंदाज़ा इस चीज़ से लगा सकते है कि ये कंप्यूटर बिलकुल इंसानो की तरह ही व्यहवार करते है।

  • पांचवीं जनरेशन में AI (Artificial Intelligence) तकनीक का इस्तेमाल किया जाता है।

  • वर्तमान समय में कंप्यूटर की पांचवी पीढ़ी चल रही है और यह कंप्यूटर की आखरी पीढ़ी है।

  • इस जनरेशन में high-level language जैसे कि – C, C++, Java, और .Net आदि का उपयोग किया जाता है।

  • पाँचवी पीढ़ी के कंप्यूटर का इस्तेमाल स्वास्थ्य के क्षेत्र में, entertainment के क्षेत्र में, और रोबोट बनाने में  किया जाता है। आजकल game के छेत्र में भी इसका use किया जाता है।

  • इन computers में सबसे ज्यादा speed पाई जाती है और इनके काम करने की क्षमता भी काफी ज्यादा है।

  • धीरे धीरे computer के fifth generation को और भी ज्यादा विकसित किया जा रहा है। ताकि यह और भी ज्यादा advance हो सके।
fifth generation computer in hindi

Advantages of Fifth Generation computer in Hindi (पांचवी पीढ़ी के कंप्यूटर के फायदे)

  1. इस computer की speed पिछली सभी generation के computer के मुकाबले ज्यादा है।
  2. इन कम्प्यूटरों की repairing करना काफी ज्यादा आसान होता है।
  3. इस computer का size पिछले सभी generation के मुकाबले बहुत छोटा है।
  4. अपने छोटे size के कारण fifth generation के computer काफी हल्के होते है।
  5. पांचवी पीढ़ी के कंप्यूटर को maintain करके नहीं रखना पड़ता।
  6. इनको कही भी ले जाया जा सकता है जैसे कि हम अपने लैपटॉप को कहीं भी आसानी से ले जा सकते हैं।

Disadvantages of fifth generation computer in Hindi (पांचवी पीढ़ी के कंप्यूटर के नुकसान)

  1. इस कंप्यूटर को use करने में काफी ज्यादा समस्याओ का सामना करना पड़ता है।
  2. इन computers में AI यानी (Artificial intelligence) का use किया जाता है। लेकिन अभी तक AI को पूरी तरह develop नहीं किया गया है।
  3. इस जनरेशन के कम्प्यूटरों को बनाने के लिए complex (जटिल)  tool का use होता है। जो की आसानी से नहीं मिलते।
कंप्यूटर में कितनी जनरेशन होती है?

इसकी पांच पीढियां होती है. पहली, दूसरी, तीसरी, चौथी, पांचवी पीढ़ी.

कंप्यूटर में अभी कौन सी जनरेशन चल रही है?

अभी के समय में 5th जनरेशन चल रही है.

कंप्यूटर का आविष्कार कब हुआ था?

इसका अविष्कार चार्ल्स बैबेज ने 1822 में किया था.

Reference – https://www.geeksforgeeks.org/generations-of-computers-computer-fundamentals/

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